Home राज्यवार दिल्ली जामिया एग्जीक्यूटिव काउंसिल में लिया गया बड़ा फैसला, रद्द किए गए पुराने...

जामिया एग्जीक्यूटिव काउंसिल में लिया गया बड़ा फैसला, रद्द किए गए पुराने पद

नई दिल्ली/चांदनी कुमारी। जामिया मिलिया इस्‍लामिया (Jamia Millia Islamia) के एग्जीक्यूटिव काउंसिल (ईसी) मीटिंग में हाल ही में यह फैसला लिया गया है कि डिस्‍टेंस एंड ओपन एजुकेशन में काम कर रहे  नॉन टीचिंग स्टाफ (कॉन्ट्रैक्ट) पर काम कर रहे सभी कर्मचारियों को रिन्यू नहीं किया जाएगा।

नई गाइडलाइन्स में नियुक्ति को लेकर कहा गया ये

यूजीसी डिस्‍टेंस एजुकेशन ब्यूरो की नई गाइडलाइन्स के मुताबिक अब कर्मचारियों की नई नियुक्ति की जाएगी। ऐसे में सभी पुराने पदों को खत्म करने का फैसला लिया गया है। जिसकी सूचना सभी कर्मचारियों को दे दी गई है और अब विश्वविद्यालय ने 14 सीटों पर  कांट्रेक्चुअल असिसटेंट प्रोफेसर के नए सिरे से नियुक्ति की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। इसके बाद से जो पुराने कर्मचारी हैं उनकी नौकरी पर तलवार लटकी हुई है। ऐसे में कर्मचारियों में नौकरी जाने का डर बना हुआ है।

दिवाली तक हो जाएगा क्या कुछ अनलॉक? जानिये क्या-क्या खुलने की है उम्मीद…

कर्मचारियों का कहना है ये

कर्मचारियों के माने तो जामिया की अर्जुन सिंह सेंटर में काम करने वाले 64 नॉन टीचिंग स्टाफ (कॉन्ट्रैक्ट) काम कर रहे थे। जिनमें से 18 अकेडमिक कोऑर्डिनेटर्स और 2 डिप्टी डायरेक्टर के पोस्ट पर थे और 13 असिसटेंट के पद पर थे। इनके अलावा बाकी सभी आउटसोर्सिंग कर्मचारी थे।

ऐसे में कोरोना काल में कर्मचारियों के अंदर बेरोजगारी का डर सता रहा है ऐसा इसलिए भी है कि पिछले दो महीने से कर्मचारियों को सैलरी नहीं मिली है। नाम न बताने के शर्त पर एक कर्मचारी ने बताया कि अपनी नौकरी बचाने के लिए मैंने कोर्ट का दरवाज़ा खटखटाया है जिसके बाद हाइकोर्ट ने इस पर स्टे लगा दिया है और अपने आर्डर में कहा है कि नौकरी कंटिन्यू रहेगी जब तक सेलेक्शन कमेटी के तरफ से इस पोस्ट पर नई वैकेंसी न निकाल दी जाए।  

MCD चुनाव से पहले BJP का बड़ा दांव, आप सरकार के खिलाफ मांगा अन्ना हजारे का साथ

क्या कहना है कि प्रशासन का 

जामिया के पीआरओ अहमद अजीम का कहना है कि 20 कांट्रेक्चुअल कर्मचारी जिनमें से 18 अकेडमिक कोऑर्डिनेटर्स और 2 डिप्टी डायरेक्टर के पोस्ट पर थे। उनका कॉन्ट्रैक्ट 30 जून को खत्म हो गए थे वो रिन्यू नहीं किये गए क्योंकि यूजीसी डिस्‍टेंस एजुकेशन ब्यूरो की नई गाइडलाइन्स के मुताबिक ही नियुक्तियां करनी हैं। इसलिए विश्वविद्यालय की  एग्जीक्यूटिव काउंसिल में सभी पुराने पदों को खत्म करने का फैसला लिया गया।

सितंबर में बुलाया जा सकता है दिल्ली विधानसभा का मानसून सत्र, स्पीकर ने कही ये बात

असिसटेंट के पदों पर काम रहे जिन 13 लोगों के कॉन्ट्रैक्ट अभी चल रहे हैं वो काम पर आ रहे हैं। जो कर्मचारी कोर्ट गयी वो इन्हीं असिसटेंट कांट्रेक्चुअल में से एक है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने इनमें से किसी भी कर्मचारी को टर्मिनेशन लेटर नहीं दिया था। वहीं किसी भी कर्मचारी को प्रशासन ने ज़बरदस्ती काम पर आने के लिए नहीं कहा है।

Hindi News से जुड़े अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक पर ज्वॉइन करें, ट्विटर पर फॉलो करें।हर पल अपडेट रहने के लिए NT APP डाउनलोड करें। ANDROID लिंक और iOS लिंक।



Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

लोकप्रिय

IPL 2020: चेन्नई सुपर किंग्स की टीम लिस्ट, मजबूत और कमजोर पक्ष, जानें सबकुछ

इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के 13वें सीजन के आगाज में अब महज एक दिन बचा है। आईपीएल के इस सीजन का पहला मैच...

Maratha Reservation: मराठा आरक्षण पर सुप्रीम कोर्ट के आदेश को चुनौती देगी महाराष्ट्र सरकार

Publish Date:Thu, 17 Sep 2020 08:31 PM (IST) मुंबई, एएनआइ। Maratha Reservation: महाराष्ट्र के मंत्री और कांग्रेस नेता अशोक चव्हाण ने वीरवार को कहा है...

दो दिन में 1.97 लाख की जांच, 2,739 नए संक्रमित मिले

Publish Date:Sat, 19 Sep 2020 06:31 AM (IST) पटना । बिहार में दो दिन (गुरुवार और शुक्रववार) में कोरोना के 1.97 लाख सैंपल की जांच...

Bihar Election: ‘बाहरी’ उम्मीदवारों को लेकर जेडीयू में असंतोष

हाइलाइट्स:विधानसभा चुनावों की घोषणा से ठीक पहले जेडीयू के लिए पार्टी में आए 'बाहरी' लोग बने उलझन।निर्दलीय विधायकों ने JDU के संभावित उम्मीदवार के...

सतीश द्विवेदी बोले- न कोई सरकारी आदेश न शासनादेश, कुछ लोगों का काम सिर्फ विरोध करना

इटावाकुछ ही क्षण पहलेकॉपी लिंकशिक्षा राज्य मंत्री सतीश चंद्र द्विवेदी।सतीश द्विवेदी ने शुक्रवार को इटावा में शिक्षा विभाग के अफसरों के साथ समीक्षा बैठक...